नई दिल्ली: फ्लाईदुबई (Flydubai) के विमान में सह-पायलट के हमले के बाद 180 से अधिक यात्रियों की जान बचाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मछार (Captain Smit Machhar) के अदम्य साहस और देशभक्ति की गूंज अब पूरे विश्व में सुनाई दे रही है।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के बाद अब भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कैप्टन स्मित मछार की वीरता, सूझबूझ और दृढ़ संकल्प की जमकर सराहना की है।
‘गंभीर चोट के बावजूद दिखाया अदम्य साहस’ — पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैप्टन स्मित मछार की जांबाजी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद उन्होंने जिस वीरता और उपस्थिति-बुद्धि का परिचय दिया, वह हर भारतीय के लिए गर्व की बात है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संदेश:
“कैप्टन स्मित मछार ने गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद जिस अदम्य साहस और दृढ़ संकल्प का परिचय दिया, उसने एक भीषण त्रासदी को होने से टाल दिया। कई निर्दोष लोगों की जान बचाने में उनकी भूमिका अत्यंत सराहनीय है। पूरा देश उनकी वीरता को सलाम करता है और मैं उनके शीघ्र स्वस्थ होने तथा उत्तम स्वास्थ्य की कामना करता हूँ।”
विदेश मंत्रालय और भारतीय दूतावास लगातार संपर्क में
विदेश मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, सऊदी अरब स्थित भारतीय दूतावास कैप्टन स्मित मछार के स्वास्थ्य पर लगातार नज़र बनाए हुए है। सऊदी अरब के अस्पताल में भर्ती कैप्टन मछार की स्थिति फिलहाल स्थिर और खतरे से बाहर बताई जा रही है। भारतीय अधिकारियों ने उनके परिजनों को हर संभव सहायता और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है।
दुनिया भर में हो रही है जांबाज पायलट की तारीफ
उल्लेखनीय है कि यूएई से इजराइल जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ 1073 में सह-पायलट ने कॉकपिट के अंदर कैप्टन स्मित मछार पर जानलेवा हमला कर दिया था और विमान को क्रैश कराने का प्रयास किया था।
खून से लथपथ होने के बावजूद कैप्टन मछार ने गजब का नियंत्रण दिखाया, कॉकपिट का दरवाजा खोलकर मदद की गुहार लगाई और इमरजेंसी लैंडिंग सुनिश्चित कराई। उनके इस साहसिक कदम की बदौलत विमान में सवार सभी 180 यात्री सुरक्षित बच गए।

