रांची: राजधानी रांची के मौजा भूसुर में डीपीएस स्कूल से बिरसा चौक जाने वाले मुख्य मार्ग के किनारे लंबे समय से रह रहे गरीब परिवारों की बस्ती हटाने की कार्रवाई को लेकर नगर निगम की मेयर रोशनी खलखो ने हस्तक्षेप किया है। मेयर ने रांची के उपायुक्त को पत्र लिखकर बस्ती हटाने की कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाने और प्रभावित परिवारों के लिए उचित पुनर्वास की व्यवस्था करने का आग्रह किया है।
मेयर ने अपने पत्र में मामले को गंभीर बताते हुए जिला प्रशासन से मानवीय और संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाने की अपील की है। उनके अनुसार, स्थानीय निवासियों और संबंधित पार्षद के माध्यम से उन्हें जानकारी मिली है कि मौजा भूसुर के अंतर्गत मुख्य मार्ग के किनारे करीब 40 से 50 वर्षों से कई गरीब परिवार रह रहे हैं। इन परिवारों को हटाने की कार्रवाई की जा रही है।
बारिश के मौसम में परिवारों के सामने बढ़ेगी परेशानी
मेयर रोशनी खलखो ने उपायुक्त को भेजे पत्र में कहा है कि फिलहाल बारिश का मौसम चल रहा है। ऐसे समय में यदि इन परिवारों को अचानक उनकी बस्ती से हटा दिया जाता है, तो छोटे बच्चों, महिलाओं, बुजुर्गों और अन्य सदस्यों के सामने रहने की गंभीर समस्या उत्पन्न हो सकती है।
उन्होंने आशंका जताई है कि विस्थापित परिवारों को खुले आसमान के नीचे या सड़क किनारे रहने के लिए मजबूर होना पड़ सकता है। इससे उनकी सुरक्षा, स्वास्थ्य और रोजमर्रा की मूलभूत जरूरतों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना है।
मेयर ने रखीं ये प्रमुख मांगें
मेयर ने जिला प्रशासन से प्रभावित परिवारों के हित में तत्काल आवश्यक कदम उठाने का अनुरोध किया है। पत्र के माध्यम से मुख्य रूप से निम्न मांगें रखी गई हैं:
- बस्ती हटाने की कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाई जाए।
- प्रभावित परिवारों की वर्तमान स्थिति का तत्काल सर्वेक्षण कराया जाए।
- परिवारों के लिए वैकल्पिक आवास और पुनर्वास की व्यवस्था की जाए।
- पुनर्वास स्थल पर पेयजल, शौचालय और अन्य जरूरी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
- प्रभावित परिवारों की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए मानवीय दृष्टिकोण से आगे की कार्रवाई की जाए।
पुनर्वास की व्यवस्था के बाद हो कार्रवाई
मेयर ने कहा है कि प्रभावित परिवार कई दशकों से उक्त स्थान पर रह रहे हैं। ऐसे में उन्हें हटाने से पहले उनकी स्थिति का आकलन और पुनर्वास की व्यवस्था करना जरूरी है। उन्होंने उपायुक्त से आग्रह किया है कि वैकल्पिक आवास और आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करने के बाद ही बस्ती हटाने को लेकर आगे की कार्रवाई की जाए।
मेयर ने जिला प्रशासन से मामले में शीघ्र हस्तक्षेप करने की मांग की है, ताकि कार्रवाई से प्रभावित होने वाले परिवारों को बारिश के मौसम में आवास और बुनियादी सुविधाओं के संकट का सामना न करना पड़े। पत्र के जरिए उन्होंने बस्ती हटाने की कार्रवाई पर रोक, प्रभावित परिवारों का सर्वेक्षण और उनके समुचित पुनर्वास को प्राथमिकता देने का आग्रह किया है।

