HomeLatest Newsजेपीएससी-जेएसएससी विवाद में बढ़ा टकराव, अमीषा प्रसाद ने CBI जांच और छात्रों...

जेपीएससी-जेएसएससी विवाद में बढ़ा टकराव, अमीषा प्रसाद ने CBI जांच और छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग की

जेपीएससी-जेएसएससी आंदोलन में पुलिस कार्रवाई पर सवाल, अमीषा प्रसाद ने की CBI जांच की मांग

रांची: झारखंड में जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर चल रहा छात्र आंदोलन अब पुलिस कार्रवाई के मुद्दे पर भी तेज होता नजर आ रहा है। आंदोलनकारी अमीषा प्रसाद ने बुधवार को रांची प्रेस क्लब में प्रेस वार्ता कर पुलिस-प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए और पूरे मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की।

अमीषा प्रसाद ने पुलिस कार्रवाई पर उठाए सवाल

अमीषा प्रसाद ने आरोप लगाया कि आंदोलन में शामिल छात्रों और युवाओं की आवाज दबाने के लिए उनके खिलाफ कथित तौर पर झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं।

  • उन्होंने बिना नोटिस या वारंट के हिरासत में लिए जाने का दावा किया।
  • अमीषा के अनुसार, उन्हें करीब छह से सात घंटे तक हिरासत में रखा गया।
  • उन्होंने सदर थाना प्रभारी पर पुराने मामलों में फंसाने की कोशिश का आरोप लगाया।
  • मीडिया के सामने उनके संबंध में गलत जानकारी दिए जाने का भी दावा किया।

हालांकि, ये सभी आरोप अमीषा प्रसाद और आंदोलनकारी मंच की ओर से लगाए गए हैं। पुलिस का पक्ष इस संबंध में अलग हो सकता है।

शहबाज आलम को दी आमने-सामने बातचीत की चुनौती

अमीषा प्रसाद ने उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने वाले शहबाज आलम को खुली चुनौती देते हुए टेबल टॉक की पेशकश की।

उनका कहना है कि यदि उनके खिलाफ लगाए गए आरोप सही हैं, तो संबंधित पक्ष सामने आकर उनके प्रमाण प्रस्तुत करे। अमीषा के मुताबिक आमने-सामने बातचीत से आरोपों की सच्चाई स्पष्ट हो सकती है।

छात्रों पर गंभीर आरोप लगाने का भी विरोध

जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म्स मंच ने दावा किया कि करीब 14 पुरुष छात्रों के खिलाफ छेड़खानी जैसे गंभीर आरोपों में कथित तौर पर प्राथमिकी दर्ज की जा रही है।

मंच से जुड़ी छात्राओं ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कानून का गलत इस्तेमाल कर छात्रों को फंसाने की कोशिश की जा रही है। उनका कहना है कि ऐसे मामलों का छात्रों के भविष्य पर गंभीर असर पड़ सकता है।

प्रतिमा कुमारी ने पुलिस पर लगाया दोहरे रवैये का आरोप

मंच की कोर सदस्य प्रतिमा कुमारी ने प्रशासन पर कथित दोहरे रवैये का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि एक पुतला दहन कार्यक्रम के दौरान छात्रों के समर्थन में पहुंची महिलाओं के साथ मारपीट और बदसलूकी की गई।

प्रतिमा के अनुसार, शिकायत दर्ज कराने के लिए वह लगातार दो दिनों तक थाने गईं, लेकिन उनकी प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई। मंच ने अलग-अलग जिलों में पुलिस की मौजूदगी में छात्रों पर बल प्रयोग किए जाने का भी आरोप लगाया।

CBI जांच और मुकदमे वापस लेने की मांग

जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म्स मंच ने परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की जांच सीआईडी के बजाय सीबीआई से कराने की मांग दोहराई।

मंच की प्रमुख मांगें:

  • जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की सीबीआई जांच।
  • आंदोलनकारी छात्रों के खिलाफ दर्ज कथित फर्जी मुकदमे वापस लिए जाएं।
  • जेपीएससी सिविल सेवा परीक्षा यूपीएससी के माध्यम से कराने पर विचार किया जाए।
  • छात्रों की शिकायतों और मांगों पर सरकार गंभीरता से बातचीत करे।

मुख्यमंत्री से सीधे संवाद की अपील

अमीषा प्रसाद ने मुख्यमंत्री से अधिकारियों के माध्यम से आंदोलन की जानकारी लेने के बजाय सीधे छात्रों से बातचीत करने की अपील की। उन्होंने कहा कि छात्रों की बात सुनी जानी चाहिए और उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार होना चाहिए।

आंदोलन तेज करने की चेतावनी

मंच ने चेतावनी दी कि यदि आंदोलनकारी छात्रों पर मुकदमे दर्ज कर आंदोलन को दबाने की कोशिश जारी रही और उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments