वाल्मीकिनगर टाईगर रिजर्व में शावक की मौत से सनसनी

पिछले साल जनवरी में मिला था बाघ का शव
बाघिन के साथ मिलन में शावक था बाधा, इसलिए बाघ ने मार डाला

अमरनाथ पाठक/ उज्ज्वल दुनिया

रांची। पश्चिम चंपारण के वाल्मिकीनगर टाइगर रिजर्व में एक शावक की मौत हो गई है। इससे प्रबंधन सकते में है और प्रशासन अलर्ट हो गया है। वाल्मीकि टाइगर रिजर्व में आठ माह के शावक का शव मिला है। उसके बाद वन विभाग ने एक टीम का गठन कर मौत के कारणों का पता करने में जुट गया है।

फीमेल शावक की मौत कालेश्वर मंदिर के कंपाउंड नंबर टी वन में हुई है। यह क्षेत्र भारत और नेपाल की सीमा है, जिसे सोनहा नदी अलग करती है।

वन संरक्षक हेमकांत राय ने बताया कि तीन और चार जनवरी को इस क्षेत्र के पास एक टाइगर को देखा गया था। उसका मिलान करने पर पता चला कि जो बाघिन थी, वह नेपाल की रहने वाली थी।

एक टाइगर भी देखा गया था, जो भारत का रहने वाला है। अंदाजा लगाया जा रहा है कि बाघ बाघिन के साथ मिलन करना चाह रहा था। इसमें मृतक शावक बाधा उत्पन्न कर रहा था। इसी कारण टाइगर ने उसे मार डाला।

उन्होंने बताया कि बाघ का पग मार्ग नेपाल की तरफ जाते हुए देखा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के सही कारणों का खुलासा हो पाएगा। शावक के निर्धारित अंगों को यूपी के बरेली, पटना एवं डब्ल्यूआई आई देहरादून भेजा जा रहा है। बीते साल भी एक जनवरी को एक बाघिन का शव रनिया जंगल में मिला था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *